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STET SOCIAL SCIENCE NOTES - राष्टसंघ एवं सयुक्त राष्टसंघ

STET SOCIAL SCIENCE NOTES

 राष्टसंघ एवं सयुक्त राष्टसंघ  

EXAM NAME BIHAR STET 2025
. .
BOARD BIHAR SCHOOL EXAMINATION BORD ,PATNA
SUBJECT SOCIAL SCIENCE
पाठ संख्या  08 
पाठ का नाम आदिवासी समाज और उपनिवेशवाद 
संछिप्त जानकारी अगर आप बिहार STET 2025 का तैयारी कर रहे है और आपका विषय इतिहास ( STET SOCIAL SCIENCE )  है तो  आप सही जगह है | इस पेज में राष्टसंघ एवं सयुक्त राष्टसंघ के सभी वस्तुनिष्ट प्रश्न  दिया गया है | आप यहा से STET 2025 की तैयारी कर सकते है | 
आवश्यक सूचना-2 बिहार STET पेपर -1 में 150 प्रश्न पूछे जाते है जिसमे 100 प्रश्न आपके विषय (सोसल साइंस , साइंस , कॉमर्स , भाषा )से एवं 50 प्रश्न शिक्षण अभिरुचि से पूछे जाते है | इस पेज में सोसल साइंस (सामाजिक विज्ञान ) में सिर्फ  राष्टसंघ एवं सयुक्त राष्टसंघ   के  सिर्फ वही प्रश्न को समिल किया गया है जो STET 2025 के परीक्षा में पूछे जा सकते है | ये पूर्णतया STET NEW SYLLABUS पे आधारीत है |  इस पाठ से 1 एक  या दो अवश्य प्रश्न  में पूछे जा सकते है|
आवश्यक सूचना -3 इस पेज में STET के नये सिलेबस पर आधारित प्रश्न शामिल किया गया है |

 
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इस पेज में STET के नये सिलेबस पर आधारित प्रश्न शामिल किया गया है


STET SOCIAL SCIENCE

 राष्टसंघ एवं सयुक्त राष्टसंघ  

# 1919 ई. में युद्ध की समाप्ति के बाद पेरिस में हुए शांति सम्मेलन में राष्ट्रसंघ ( League of Nations ) की स्थापना की नींव पड़ी।

# राष्ट्रसंघ की स्थापना का श्रेय तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति 'वूडरो विल्सन' को जाता है जिनके '14 सूत्री प्रस्तावों' में विश्व शांति के लिए अंतरराष्ट्रीय संस्थान की स्थापना की अनिवार्यता पर बल था ।

# विभिन्न योजनाओं को एक कर 10 जून, 1920 ई. को राष्ट्रसंघ अस्तित्व में आया ।

# राष्ट्रसंघ के प्रारंभिक 31 सदस्यों में विजित राष्ट्र ( फ्रांस, इंग्लैंड, रूस) आदि तथा प्रथम विश्वयुद्ध में तटस्थ रहने वाले राष्ट्र भी शामिल थे।

# बाद में, राष्ट्रसंघ की सदस्यता संख्या 60 तक हो गई थी। राष्ट्रसंघ की सदस्यता के लिए आवश्यक था- 1. इच्छुक देश स्वतंत्र तथा प्रभुत्वसंपन्न हो तथा 2. राष्ट्रसंघ के दो तिहाई सदस्य उसे संघ में शामिल करने पर सहमत हों।

# राष्ट्रसंघ की प्रथम धारा में सदस्य देशों की सूची तथा दूसरी धारा में इसके तीन प्रमुख अंगों की चर्चा थी- व्यवस्थापिका सभा ( असेम्बली), परिषद ( काउंसिल) तथा सचिवालय (सेक्रेटेरियट) ।

# व्यवस्थापिका सभा ( असेम्बली) राष्ट्रसंघ के प्रतिनिधियों के लिए थी जिसमें उपस्थिति सदस्य देशों को एक वोट देने का अधिकार था।

# व्यवस्थापिका सभा के कार्य नए राष्ट्रों को सदस्यता प्रदान करना, राष्ट्रसंघ के विधान की समीक्षा तथा संशोधन करना, अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय के न्यायाधीशों एवं महासचिव की नियुक्ति पर अंतिम अनुमोदन करना आदि थे।

# कार्यकारी परिषद् (काउंसिल) में स्थाई तथा अस्थाई सदस्य थे। इंग्लैंड, फ्रांस, जापान और इटली राष्ट्रसंघ के संस्थापक एवं स्थाई सदस्य थे। बाद में इसमें जर्मनी और रूस को स्थाई सदस्य के रूप में शामिल किया गया। अस्थाई सदस्य के रूप में 9 छोटे-छोटे राज्य शामिल होते थे।

# परिषद् राष्ट्रसंघों के उद्देश्य निर्धारित करने के अलावा प्रशासनिक तथा युद्ध और शांति से संबंधित मसलों पर महत्वपूर्ण निर्णय लेता था।

# राष्ट्रसंघ सचिवालय प्रशासकीय कार्यों की जिम्मेवारी 'जिनेवा ' स्थित प्रधान कार्यालय एवं 12 अंतर्राष्ट्रीय स्तरीय विभागों की मदद से संभालता था ।

# हॉलैंड (आधुनिक नीदरलैंड) के हेग शहर में स्थापित अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय विभिन्न राजनैतिक एवं कूटनीति झगड़ों का निपटारा करता |

# 1917 में रूसी क्रांति (बोल्शेविक रिवॉल्यूशन) तथा प्रथम विश्वयुद्धोत्तर दुनिया में मजदूरों के बढ़ते महत्व को देख जिनेवा में अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) की भी स्थापना की गई।

# राष्ट्रसंघ समझौता, मध्यस्थता तथा अनुरोध की नीति का अनुसरण कर यूरोपीय देशों के बीच संभावित टकराव को टालता रहा।

# 1920 ई. स्वीडन और फिनलैंड के मध्य उठे ऑकलैंड द्वीप विवाद, जर्मनी एवं पोलैंड के मध्य उठे साइलेशिया विवाद तथा लिथुआनिया की राजधानी विलना को लेकर पोलैंड - लिथुआनिया के विवाद आदि को राष्ट्रसंघ ने सफलतापूर्वक सुलझाया।

# सन् 1931 में जापान की साम्राज्यवादी हड़प नीति का शिकार बना चीन का मंचूरिया । इसने इटली में नवोदित तानाशाह 'मुसोलिनी' को उग्र बनाने का काम किया।

# 1936 ई. में स्पेनी गृहयुद्ध में हिटलर और मुसोलिनी के सक्रिय हस्तक्षेप से प्रजातंत्र समर्थकों की पराजय वास्तव में राष्ट्रसंघ की पराजय थी।

# अमेरिकी राष्ट्रति वुडरो विल्सन की 'चौदह सूत्री कार्य योजना' के फलस्वरूप गठित राष्ट्रसंघ की सदस्यता स्वयं अमेरिका ने नहीं ली थी।

# 1925 ई. में लोकान संधि के माध्यम से जर्मनी को राष्ट्रसंघ में शामिल किया गया।

# राष्ट्रसंघ का दोषपूर्ण संविधान, अपनी सेना की कमी, यूरोप में आर्थिक राष्ट्रवाद का जन्म तथा इस विश्व संस्था का इंग्लैंड- फ्रांस के हाथों कठपुतली बना रहना द्वितीय विश्वयुद्ध के प्रमुख कारण थे।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ (United Nations Organisation) की स्थापना जेम्स पैलेस घोषणा (12 जून 1941 ई.), एटलांटिक चार्टर (14 अगस्त 1941 ई.), संयुक्त राष्ट्र घोषणा (1 जून 1942 ई.), मास्को घोषणा (अक्टूबर-1943), तेहरान घोषणा (दिसंबर-1943) तथा याल्टा सम्मेलन (फरवरी-1944, सोवियत संघ में) के संयुक्त मार्गदर्शन से हुई।

# 1944 ई. में वाशिंगटन डी.सी., संयुक्त राज्य अमेरिका स्थित 'डाम्बस्टर ओक्स' नामक स्थान पर संयुक्त राष्ट्रसंघ की कल्पना की गई। अमेरिका के सेनफ्रांसिस्को शहर में 26 अप्रैल, 1945 ई. में शुरू हुए सम्मेलन में नए चार्टर को स्वीकार किया गया। 26 जून 1945 को भारत सहित पचास राष्ट्रों के प्रतिनिधियों के नए चार्टर पर हस्ताक्षर किए। 24 अक्टूबर, 1945 को अस्तित्व में आए 'संयुक्त राष्ट्रसंघ' के नामकरण का श्रेय तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति फ्रैंकलिन डी. रूजवेल्ट का जाता है।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ के संगठन के विधान को 'चार्टर' कहते हैं जिसमें 111 धाराओं (Articles) के अनुसार संगठन चलता है। वर्तमान में 192 सदस्यीय संयुक्त राष्ट्रसंघ का नवीनतम (192वाँ) सदस्य मांटेनिग्रो ने 2006 ई. में सदस्यता ग्रहण की।

# न्यूयार्क शहर,अमेरिका में स्थित संयुक्त राष्ट्रसंघ (UNO) के 6 प्रमुख अंग है जिनका कार्य अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक तथा अन्य क्षेत्रों में योगदान करना है।

# आमसभा संयुक्त राष्ट्रसंघ का सबसे प्रमुख अंग है जिसमें सदस्य देश वाद-विवाद में भाग लेकर एक मत देते हैं। प्रतिवर्ष इसकी बैठक होती है।

# शांति तथा सुरक्षा के लिए पूर्णतः उत्तरदायी सुरक्षा परिषद् में पाँच स्थाई सदस्य अमेरिका, इंग्लैंड, फ्राँस, रूस और चीन के अलावा 10 अस्थाई सदस्य दो वर्षों के लिए चुने जाते हैं।

# आर्थिक एवं सामाजिक परिषद् में यूनिसेफ, यूनेस्को, मानवाधिकार आयोग तथा अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन आदि हैं।

# न्याय परिषद् पूर्ण रूप से स्वायत्त शासन नहीं रखने वाले प्रदेशों के नागरिक के हितों की रक्षा करती है। जैसे- प्रशांत महा सागर में स्थित माइक्रोनेशिया के 4 द्वीप समूहों पर अमेरिका का शासन।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ की कानूनी संस्था अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय का मुख्यालय हेग (नीदरलैंड) में है।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ के सचिवालय में मुख्य प्रशासनिक अधिकारी महासचिव का कार्यालय है।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ में 6 भाषाएँ अंग्रेजी, फ्रेंच, रूसी, चीनी, अरबी तथा स्पेनिश मान्य हैं।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ के सिद्धान्तों तथा उद्देश्यों में विश्वशांति सर्वोच्च है।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ ने 1946 ई. में ईरान पर काबिज रूसी सैनिकों को हटवाया, उत्तर कोरिया दक्षिण कोरिया के मध्य युद्ध विराम, 1956 ई. में स्वेज नहर मामले में अंतर्राष्ट्रीय सेना की स्थापना, ईरान-इराक के बीच 8

# वर्षों से चल रहे युद्ध बंद कराना, 1965 ई. में भारत-पाकिस्तान युद्धबंदी तथा 1971 ई. में बांग्लादेश की आजादी के प्रश्न को लेकर पाकिस्तान का भारत पर आक्रमण के बाद युद्धबंदी आदि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

# 1991 ई. में संयुक्त राष्ट्रसंघ के प्रयासों से कुवैत को ईराकी सेना से मुक्त कराया गया।

# विकसित देशों के गुट जी-8, सामरिक दृष्टि से शक्तिशाली गुट, नाटो, सीटो, वारसा आदि गुटों के प्रभाव ने संयुक्त राष्ट्रसंघ के महत्व को घटाया है।

# न्यूयार्क, अमेरिका स्थित संयुक्त राष्ट्रसंघ मुख्यालय का अधिकांश आर्थिक अशंदान अमेरिका करता है। अत: वह संयुक्त राष्ट्रसंघ के कार्यों में हस्तक्षेप भी करता है।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ की सुरक्षा परिषद् में पाँच स्थाई सदस्यों को निषेधाधिकार (VETO) प्राप्त है, जो किसी मुद्दे पर हस्तक्षेप कर सकते हैं।

# संयुक्त राष्ट्रसंघ के मूल्यों में पूर्ण अस्था के साथ भारत ने विभिन्न शांति अभियानों में सर्वाधिक बार सेना भेजी है। संयुक्त राष्ट्रसंघ की प्रमुख विफलताएँ-अफ्रीकी देश

# नाइजीरिया, अंगोला, सियरा लिओन आदि में गृहयुद्ध, अरब- इजरायल युद्ध, दक्षिण अफ्रीका में रंगभेद, इराक समस्या तथा कश्मीर समस्या आदि हैं।

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